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#16-गुण्डागर्दी

(GUNDAGARDI) गुण्डागर्दी की तमन्ना अब हमारे दिल में है, मारना बस मारना है, खर्चा नेताओं के बिल में है। वो…

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#15-हमारी आश

राह से गुजरते हर राहगीर से हमनें आश लगाई है। जमाने के शिले नें हमें यूँ हि भटकता छोड दिया,…

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#2-मन अशांत पक्षी का कलरव।

(Mann Ashant Pakshi Ka Kalrav) मन अशांत पक्षी का कलरव। पतझड़ फैला फूला शेमल, हलचल फैली फुदक गिलहरी, कोयल कूके…